दो बत्ती चौपाटी पर गरमाया माहौल: बिना नोटिस चले बुलडोजर के आगे आए व्यापारी, निगम के खिलाफ उग्र प्रदर्शन, छोटे व्यापारियों के समर्थन में उतरी कांग्रेस, आज 11 बजे नगर निगम के घेराव का ऐलान, गार्डन की योजना पर सवाल 

The atmosphere at Do Batti Chowpatty heated up: Traders confronted the bulldozer without notice, violent protests against the corporation, Congress came out in support of small traders,

दो बत्ती चौपाटी पर गरमाया माहौल: बिना नोटिस चले बुलडोजर के आगे आए व्यापारी, निगम के खिलाफ उग्र प्रदर्शन, छोटे व्यापारियों के समर्थन में उतरी कांग्रेस, आज 11 बजे नगर निगम के घेराव का ऐलान, गार्डन की योजना पर सवाल 

डेली जर्नल हिंदी डेस्क 

रतलाम, मध्य प्रदेश के रतलाम शहर स्थित प्रसिद्ध दो बत्ती चौपाटी को हटाने की कार्रवाई के बाद स्थानीय छोटे व्यवसायियों में गहरा आक्रोश व्याप्त हो गया है। मंगलवार दोपहर नगर निगम का अमला चौपाटी के ढांचागत निर्माण और कंक्रीट फ्लोर को तोड़ने के लिए जेसीबी लेकर पहुंचा। इस अचानक हुई कार्रवाई से स्तब्ध दुकानदारों और महिलाओं ने निगम की गाड़ियों के आगे आकर उग्र विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। व्यवसायियों का आरोप है कि शहर विकास के नाम पर गरीबों और छोटे व्यापारियों का रोजगार छीना जा रहा है, जिससे उनकी आजीविका पर सीधा संकट आ खड़ा हुआ है।

पार्किंग का तर्क और गार्डन बनाने की योजना पर सवाल

कार्रवाई के पीछे नगर निगम प्रशासन का तर्क है कि क्षेत्र में लगातार हो रही पार्किंग की समस्याओं और आम जनता से मिल रही शिकायतों के कारण यह कदम उठाया गया है। निगम की योजना इस स्थान पर एक नया बगीचा बनाने की है। हालांकि, स्थानीय निवासियों और व्यापारियों ने इस तर्क पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब पास में ही कालिका माता मंदिर क्षेत्र में बड़े पार्क और चंद कदम की दूरी पर रोटरी गार्डन मौजूद है, तो यहां नए गार्डन की कोई आवश्यकता नहीं है। व्यापारियों का दावा है कि वे नियमित रूप से निर्धारित शुल्क जमा करते रहे हैं। प्रदर्शन की उग्रता को देखते हुए फिलहाल कार्रवाई को रोक दिया गया है।

वेंडरों के समर्थन में उतरी कांग्रेस, आज निगम का घेराव

रोजगार छीने जाने और बेदखली की इस कार्रवाई के विरोध में अब मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पार्टी भी खुलकर छोटे व्यापारियों के समर्थन में उतर आई है। पूर्व विधायक पारस सकलेचा, यास्मिन शेरानी, मयंक जाट, हिम्मत जेथवार, महेंद्र कटारिया, पप्पू राठौड़ और कमरुद्दीन कछवाहा, शाकिर हुसैन, वुसत अली, निलेश शर्मा, सोहेल काजी सहित कई नेताओं ने धरना स्थल पर पहुंचकर वेंडरों के प्रति एकजुटता जताई। बिना कोई नोटिस दिए अचानक की गई इस कार्रवाई को अमानवीय बताते हुए कांग्रेस ने प्रशासन को घेरा है और इसके विरोध में आज (बुधवार) सुबह 11 बजे नगर निगम के बाहर जोरदार प्रदर्शन करने का ऐलान किया है।